JEE MAINS Maths Archive

Probability
September 10, 2021
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1.प्रायिकता (Probability),प्रायिकता का अर्थ (Probability Meaning): प्रायिकता (Probability) के सिद्धान्त की उत्पत्ति 17वीं शताब्दी में यूरोप में हुई।वहाँ के उद्योगपतियों एवं व्यापारियों ने उनसे सम्बन्धित व्यवसाय के परिणामों के पूर्वानुमान करने के प्रयास किए जिससे अधिक से अधिक लाभ हो सके।इन लोगों ने अपनी समस्याओं को तत्कालीन गणितज्ञों गैलीलियो,पास्कल,फर्मा कारडेनो आदि के सामने रखा।गणितज्ञों ने

Basic Properties of Definite Integrals
August 25, 2021
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1.निश्चित समाकलों के मूल गुणधर्म का परिचय (Introduction to Basic Properties of Definite Integrals),निश्चित समाकलों के गुणधर्म (Properties of Definite Integrals): निश्चित समाकलों के मूल गुणधर्म (Basic Properties of Definite Integrals):समाकलन की प्रक्रिया को अवकलन की प्रतिलोम प्रक्रिया के रूप में समझा जाता है।वास्तव में समाकलन गणित की खोज तल क्षेत्रों के क्षेत्रफल ज्ञात करने

Trigonometrical Equations
August 23, 2021
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1.त्रिकोणमितीय समीकरण (Trigonometrical Equations):- त्रिकोणमितीय समीकरण (Trigonometrical Equations):एक ऐसा समीकरण जो एक या एक से अधिक अज्ञात कोण या कोणों के त्रिकोणमितीय अनुपातों से सम्बन्धित हो त्रिकोणमितीय समीकरण कहलाता है।जैसे: त्रिकोणमितीय समीकरण के हल से अभिप्राय एक ऐसा व्यापक व्यंजक प्राप्त करने से होता है जो समीकरण में अज्ञात कोण के प्रत्येक मान के लिए

Definite Integral
August 9, 2021
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1.निश्चित समाकल (Definite Integral): निश्चित समाकल (Definite Integral):यदि f(x) अन्तराल [a,b] में परिभाषित एक वास्तविक मानों का संतत फलन हो तथा f(x) का प्रतिअवकलज (Antiderivative) F(x) हो तो F(b)-F(a) निश्चित समाकल (Definite Integral) कहलाता है।।जहाँ a व b निश्चित समाकल (Definite Integral) की क्रमशः निम्न व उच्च सीमाएं हैं तथा अन्तराल [a,b] को समाकल्य का

Integration of Product of Functions
July 24, 2021
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1.फलनों के गुणनफल का समाकलन (Integration of Product of Functions),खण्डश: समाकलन (Integration by Parts): फलनों के गुणनफल का समाकलन (Integration of Product of Functions):कुछ फलनों का समाकल त्रिकोणमितीय सर्वसमिकाओं,प्रतिस्थापन विधियों तथा बीजीय फलनों के समाकल ज्ञात करने की विधियों से ज्ञात करना या तो कठिन होता है या फिर संभव नहीं होता।ऐसे में हम दिए

Permutations and Combinations
July 22, 2021
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1.क्रमचय और संचय (Permutations and Combinations),संचय (Combinations): क्रमचय और संचय (Permutations and Combinations):संचय में जितनी वस्तुएं लेनी होती है,दी हुई वस्तुओं में से उतनी वस्तुओं को लेकर समूह बनाए जाते हैं जबकि क्रमचय में प्रत्येक समूह की वस्तुओं के संभव विन्यास भी बनाए जाते हैं।क्रमचय में क्रम का ध्यान रखना बहुत जरूरी है लेकिन संचय

Integration of Rational Functions
July 10, 2021
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1.परिमेय फलनों का समाकलन (Integration of Rational Functions): परिमेय फलनों का समाकलन (Integration of Rational Functions) ज्ञात करने के लिए परिमेय फलन को पूर्ण वर्ग विधि से मानक सूत्र और प्रतिस्थापन विधि से समाकलन करने वालों फलनों में परिवर्तित कर लिया जाता है।फिर मानक सूत्र तथा प्रतिस्थापन विधि से समाकलन कर लिया जाता है।जब

Permutation and Combination
July 8, 2021
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1.क्रमचय और संचय (Permutation and Combination),क्रमचय (Permutations): क्रमचय और संचय (Permutation and Combination):क्रमचय (Permutation):दी हुई वस्तुओं में से कुछ अथवा सभी को एक साथ लेकर उन्हें जितने भिन्न-भिन्न क्रमों या विन्यासों (arrangements) में रखा जा सकता है,उनमें से प्रत्येक को क्रमचय कहते हैं।गुणन का आधारभूत सिद्धांत (Fundamental Principle of Multiplication): माना की कोई घटना A,m

Integration with Trig Identities
June 26, 2021
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1.त्रिकोणमितीय सर्वसमिकाओं के साथ समाकलन (Integration with Trig Identities),त्रिकोणमितीय सर्वसमिकाओं द्वारा समाकलन (Integration by Trigonometric Identities): त्रिकोणमितीय सर्वसमिकाओं के साथ समाकलन (Integration with Trig Identities ):कई बार समाकलन में ऐसे त्रिकोणमितीय फलन विद्यमान होते हैं जिन्हें त्रिकोणमिति सर्वसमिकाओं का उपयोग कर समाकलन योग्य बना लिया जाता है,फिर आवश्यकता अनुसार प्रतिस्थापन कर समाकलन किया जाता है।त्रिकोणमितीय

Complex Numbers
June 24, 2021
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1.सम्मिश्र संख्याएं (Complex Numbers), सम्मिश्र संख्याओं का कोणांक (Complex Numbers Argument): सम्मिश्र संख्याएं (Complex Numbers):जैन गणितज्ञ महावीराचार्य ने 850 ई. में यह संकेत दिया कि ऋणात्मक संख्याओं के वर्गमूल नहीं होते।1637 ई. में रेने डिकार्टिज ने संख्याओं को वास्तविक व काल्पनिक नाम दिए।आयलर ने 1748 ई. में काल्पनिक संख्याओं के लिए i का प्रयोग किया।गाॅउस









