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Education Archive

7 Top Tips on How to Stop Indiscipline

1.अनुशासनहीनता को कैसे रोकें की 7 टॉप टिप्स (7 Top Tips on How to Stop Indiscipline),अनुशासनहीनता को कैसे रोकें? (How to Prevent Indiscipline?): अनुशासनहीनता को कैसे रोकें की 7 टॉप टिप्स (7 Top Tips on How to Stop Indiscipline) में अनुशासनहीनता को समझने से पूर्व अनुशासन को समझना आवश्यक है।जिन नियमों और नैतिकता का पालन

6 Spells on How to Make Life Sadhana

1.जीवन को साधना कैसे बनाएं के 6 मंत्र (6 Spells on How to Make Life Sadhana),जीवन को साधना कैसे बनायें? (How to Make Life Sadhana?): जीवन को साधना कैसे बनाएं के 6 मंत्र (6 Spells on How to Make Life Sadhana) के आधार पर जीवन को ही साधना बनाने की युक्ति जानेंगे।अक्सर साधना को व्यावहारिक

6 Best Techniques on How to Educate

1.शिक्षा कैसी हो की 6 बेहतरीन तकनीक (6 Best Techniques on How to Educate),शिक्षा के द्वारा मानव निर्माण के 6 मंत्र (6 Spells for Human Creation Through Education): शिक्षा कैसी हो की 6 बेहतरीन तकनीक (6 Best Techniques on How to Educate) के आधार पर शिक्षा कैसी होनी चाहिए और किस प्रकार शिक्षित किया जाना

6 Tips to Know Fundamental Evaluation

1.मौलिक मूल्यांकन को जानने की 6 टिप्स (6 Tips to Know Fundamental Evaluation),मौलिक मूल्यांकन कैसे हो? (How to Do Fundamental Evaluation?): मौलिक मूल्यांकन को जानने की 6 टिप्स (6 Tips to Know Fundamental Evaluation) के आधार पर हम जानेंगे कि वर्तमान में कैसा मूल्यांकन किया जाता है और छात्र-छात्राओं का मूल्यांकन वास्तविक रूप में किस

Auspicious Versus Inauspicious Path

1.शुभ बनाम अशुभ मार्ग (Auspicious Versus Inauspicious Path),शुभ और अशुभ में किसका चयन करें? (Which One to Choose Between Well Being and Ominous?): शुभ बनाम अशुभ मार्ग (Auspicious Versus Inauspicious Path) दोनों अलग-अलग है।हमें शुभ मार्ग पर चलते हुए आगे बढ़ते जाना है।शुभ के मार्ग को अपनाने में शुरू में तकलीफ होती है क्योंकि साथ

How to Cultivate Precious Life?

1.अनमोल जीवन को कैसे सँवारे? (How to Cultivate Precious Life?),आत्मबोध और तत्त्वबोध का व्यावहारिक महत्त्व (Practical Importance of Self-Realization and Metaphysics): अनमोल जीवन को कैसे सँवारे? (How to Cultivate Precious Life?) में आत्मबोध और तत्त्वबोध बिल्कुल अलग नजर आते हैं परन्तु हम देखेंगे कि आत्मबोध और तत्त्वबोध आपस में एक-दूसरे से कैसे अन्तर्सम्बन्धित हैं।विद्यार्थी को

Intimacy and Peace VS Amenities

1.आत्मीयता और जुड़ाव बनाम सुख-सुविधाएँ (Intimacy and Peace VS Amenities),हमने आत्मीयता और शांति कैसे खोयी है? (How Have We Lost Our Intimacy and Peace?): आत्मीयता और जुड़ाव बनाम सुख-सुविधाएँ (Intimacy and Peace VS Amenities) में अपनापन,शांति को खोकर हम सुख-सुविधाएँ जुटाते जा रहे हैं।जबकि सच्ची संपदा अपनापन जुड़ाव ही है।सुख-सुविधाएँ सांसारिक कर्त्तव्यों का पालन करने

9 Best Ways to Know Utility of Life

1.जीवन की उपयोगिता कैसे जानें के 9 बेहतरीन उपाय (9 Best Ways to Know Utility of Life),जीवन का महत्त्व कैसे जानें के 9 तरीके (9 Ways on How to Know Importance of Life): जीवन की उपयोगिता कैसे जानें के 9 बेहतरीन उपाय (9 Best Ways to Know Utility of Life) के आधार पर आप जान

Level of Consciousness Should be High

1.साधन-सुविधाओं के साथ चेतना का स्तर ऊंचा हो (Level of Consciousness Should be High with Means and Facilities): साधन-सुविधाओं के साथ चेतना का स्तर ऊंचा हो (Level of Consciousness Should be High with Means and Facilities) तभी साधन-सुविधाओं का सही उपयोग किया जा सकता है।किसी एक के अभाव में विकास का मार्ग प्रशस्त हो नहीं

Basis of Pleasure Life is Planned Life

1.सुखी जीवन का आधार सुनियोजित जीवन (Basis of Pleasure Life is Planned Life),सुनियोजित जीवन से सुखी जीवन (Happiness Life from Planned Life): सुखी जीवन का आधार सुनियोजित जीवन (Basis of Pleasure Life is Planned Life) में निहित है।लोगबाग सुख को साधन-सुविधाओं व धन-संपत्ति के अंदर ढूंढते हैं।परंतु उन्हें इन सबमें सुख नहीं मिलता है।जो कुछ