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Cosets of Subgroup

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1 1. उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक ) (Cosets of Subgroup),सहकुलक कैसे ज्ञात करें? (How to Find Cosets?):

1. उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक ) (Cosets of Subgroup),सहकुलक कैसे ज्ञात करें? (How to Find Cosets?):

उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक  (Cosets of Subgroup)
उपसमूह का सूचकांक (Index of a Subgroup) परिभाषा:यदि H किसी ग्रुप G का एक उपग्रुप है तो H में G के विभिन्न असंयुक्त वाम (दक्षिण) सहसमुच्चयों की संख्या H का G में सूचकांक (index) कहलाता है तथा इसका संकेत [G:H] है।
अब यदि H के असंयुक्त वाम (दक्षिण) सहसमुच्चयों की संख्या k हो तो लैग्रेंज प्रमेय से:
o(G)=k o(H) \\ \Rightarrow[G : H]=\frac{o(G))}{o(H)}
चक्रीय ग्रुप के उपग्रुप (Subgroups of Cyclic Group):
प्रमेय (Theorem):1.एक चक्रीय समूह का प्रत्येक उपसमूह चक्रीय होता है।
(Every subgroup of a cyclic group is a cyclic group.)
उपपत्ति (Proof):मानलो कि G=[a] एक चक्रीय ग्रुप है जिसका जनक ‘a’ है तथा H,G का उपग्रुप है।
यदि H=G या H={e} जहाँ e तत्समक अवयव है तो स्पष्टतः H एक चक्रीय ग्रुप होगा।
माना H,G का उचित (Proper) उपग्रुप है।
H \subset G इसलिए H का प्रत्येक अवयव a की घात में होगा।
माना कि m न्यूनतम धनात्मक पूर्णांक इस प्रकार है कि a^{m} \in H साथ ही
माना कि a,H का स्वेच्छ अवयव है तो विभाजन कलन विधि से:
s=mq+r जहाँ 0 \leq r<m
या r=s-mq
और इसलिए a^{r}=a^{s-m q}
अब H,G का उपग्रुप है इसलिए
a^{S} \in H, a^{m} \in H \Rightarrow a^{S} \in H, a^{-m} \in H \\ \Rightarrow a^{s} \in H,\left(a^{-m}\right)^{q} \in H [H में संवृत्त गुणधर्म से]
\Rightarrow a^{S} \in H, a^{-m q} \in H \\ \Rightarrow a^{r} \in H जहाँ 0 \leq r<m
परन्तु m तो न्यूनतम धनात्मक पूर्णांक है
जिसके लिए
a^{m} \in H तथा 0 \leq r<m
इसलिए a^{r} \in H सम्भव तभी है जबकि r=0 अर्थात् s=mq
परन्तु a^{r} तो H का स्वेच्छ (arbitrary) अवयव है
इसलिए a^{s}=a^{m q}=\left(a^{m}\right)^{q}
फलतः H का प्रत्येक अवयव  a^{m} की कोई है।

अतः H=\left[a^{m}\right] ,G का प्रत्येक उपग्रुप चक्रीय है।
प्रमेय (Theorem):2.अपरिमित चक्रीय ग्रुप का प्रत्येक उचित उपग्रुप अपरिमित होता है।
(Every proper subgroup of an infinite cyclic group is always infinite.)
Solution:माना G=[a] एक अपरिमित चक्रीय ग्रुप है जिसका जनक a है तथा H,G का उचित उपग्रुप है।स्पष्ट है कि H का प्रत्येक अवयव a की कोई पूर्णांक घात (Integral power) है।माना कि m वह न्यूनतम धनात्मक पूर्णांक है जिसके लिए a^{m} \in H अत: प्रमेय 1 से H=\left[a^{m}\right]
अब यदि सम्भव हो तो मान लो कि H एक परिमित ग्रुप है तथा
o(H)=n \Rightarrow o\left(a^{m}\right)=n \\ \Rightarrow\left(a^{m}\right)^{n}=e \\ \Rightarrow a^{m n}=e अर्थात् a का अवयवांक परिमित
o(a)=mn या o(a) परिमित
\Rightarrow o(G) परिमित है \left [ \because o(G)=o(a) \right ]
जो कि असम्भव है क्योंकि दिया हुआ है G अपरिमित है।परिणामतः G का प्रत्येक उचित उपग्रुप अपरिमित है।
प्रमेय (Theorem):3.यदि अवयव a से जनित चक्रीय समूह G का समूहांक n है तो सिद्ध कीजिए कि a^{m} भी G का जनक होगा यदि और केवल यदि m,n परस्पर रूढ़ अर्थात् (m,n)=1 है।
(If a circle group G is generated by an element ‘a’ of order then a^{m} is also a generator iff (m,n)=1.)
उपपत्ति (Proof):माना कि H,G का उपग्रुप है तथा इसका जनक a^{m} है।
यदि m तथा n परस्पर रूढ़ हो तो x,y ऐसी दो पूर्ण संख्याएं प्राप्त की जा सकती हैं कि
mx+ny=1
अतः a^{m x+n y} =a^{1} \\ \Rightarrow a^{m x} \cdot a^{n y} =a \\ \Rightarrow\left(a^{m}\right)^{x} \cdot \left(a^{n} \right)^{y}=a \\ \Rightarrow \left(a^{m}\right)^{x} \cdot e=a \\ \Rightarrow\left(a^{m}\right)^{x}=a \\ \Rightarrow a \in H \\ \therefore a \in G \Rightarrow a \in H \Rightarrow G \subseteq H
किन्तु H,G का उपसमूह है अर्थात् उपसमुच्चय है इसलिए H \subseteq G
अतः G=H=\left[a^{m}\right] अर्थात् G का जनक a^{m} है।
विलोमत:माना कि a^{m }, ग्रुप का जनक है तो

G=\left[a^{m n} \mid n \in z\right]
परन्तु a \in G इसलिए एक ऐसा पूर्णांक x विद्यमान होगा कि

\left(a^{m}\right)^{x}=a \\ \Rightarrow a^{m x}=a \\ \Rightarrow a=a^{m x} e \\ =a^{m x}\left(a^{n}\right)[चूँकि] a^{n}=e

\Rightarrow a =a^{m} x\left(a^{n}\right)^{y} \\ =a^{m x} \cdot a^{n y} \\ =a^{m x+n y}
फलतः 1=mx+ny
अर्थात् m,n परस्पर रूढ़ हैं अर्थात् (m,n)=1
प्रमेय (Theorem):4.सिद्ध कीजिए कि रूढ़ (अभाज्य संख्या) कोटि वाला प्रत्येक समूह एक चक्रीय समूह होता है।
(Prove that every group of prime order is a cyclic group.)
उपपत्ति (Proof):माना कि G एक परिमित ग्रुप है जिसका ग्रुपांक एक अभाज्य संख्या p है तब हमें सिद्ध करना है कि G एक चक्रीय ग्रुप है।[अभाज्य संख्या की परिभाषा है कि कोई पूर्ण संख्या p अभाज्य कहलाती है यदि (i)p>1 (ii)1तथा p के अतिरिक्त p का कोई ओर धनात्मक भाजक नहीं हो।]क्योंकि G का ग्रुपांक एक अभाज्य संख्या p है इसलिए G में कम से कम 2 अवयव है।इसलिए एक ऐसा अवयव a का अस्तित्व होगा कि a \in G तथा a \neq तत्समक अवयव e।
क्योंकि a तत्समक अवयव नहीं है इसलिए o(a) \geq 2 ।
माना o(a)=m तब H=[a] एक चक्रीय ग्रुप G का है तथा o(H)=o(a)=m
लैग्रेंज प्रमेय (Lagrange’s Theorem) से m,p का भाजक होना चाहिए परन्तु p एक अभाज्य संख्या है तथा m \geq 2 अतः m=p
H=G क्योंकि H एक चक्रीय ग्रुप है इसलिए G भी एक चक्रीय ग्रुप है।
प्रमेय )Theorem):5.H और K किसी ग्रुप G के परिमित उपग्रुप हैं और उनकी कोटि क्रमशः o(H) व o(K) है तो सिद्ध कीजिए कि
(If H and K are finite subgroups of a group G and are of orders o(H) and o(K) respectively then show that 

o(H K)=\frac{o(H) \cdot o(K)}{o(H \cap K)}
Solution:HK,G का उपसमुच्चय है तथा यह आवश्यक नहीं है कि HK,G का उपग्रुप है।o((HK) से हमारा अभिप्राय HK के विभिन्न अवयवों से है।
माना कि C=H \cap K तब C,G का उपग्रुप है तथा H \cap K=C \subseteq K
इसलिए C,K का उपग्रुप है।चूँकि K एक सीमित ग्रुप है इसलिए इसके विभिन्न दक्षिण सहसमुच्चयों की संख्या भी सीमित होगी।माना कि इनकी संख्या m है तो लैग्रेंज प्रमेय (Lagrange’s Theorem) से

m=\frac{o(K)}{o(C)}=\frac{o(K)}{o(H \cap K)}
यदि CK_{1}, CK _{2}, CK _{3}, \ldots, C K_{m};K में C के विभिन्न सहसमुच्चय हैं
तब K=C K_{1} \cup C K_{2} \cup C K_{3} \cdots \cdots \cup C K_{m}=U_{i=1}^{m} C K_{i}
जहाँ K_{1} , K_{2}, K_{3}, \cdots K_{m} सभी K के विभिन्न अवयव हैं।
अब H K=H \left(U_{i=1}^{m} C K_{i}\right)=U_{i=1}^{m} H C k _{i} \\ =U_{i=1}^{m} H K_{i} [चूँकि C \subseteq H \Rightarrow H C=H

=H K_{1} \cup HK_{2} \cup H K_{3} \ldots . . H K_{m} \cdots(1)
हम यह सिद्ध करेंगे कि HK_{1}, HK _{2}, \ldots H K_{m} के परस्पर (pair-wise) समुच्चय असंयुक्त हैं।
अब H K_{i}=H K_{j} \Rightarrow K_{i} K_{j}^{-1} \in H \\ \Rightarrow K_{i} K_{j}^{-1} \in H \cap K
[चूँकि K_{i} K_{j} \in K \Rightarrow K_{i} K_{j}^{-1} \in K ]
\Rightarrow K_{i} K_{j}^{-1} \in C \\ \Rightarrow C K_{i}=C K_{j} \\ \Rightarrow K_{i}= K_{j} जो असत्य है।
अतः HK_{1} ,HK_{2}, H K_{3} \ldots H K_{m} परस्पर असंयुक्त हैं तथा प्रत्येक में अवयवों की संख्या o(H) के समान है।
अतः (1) से हम निष्कर्ष निकाल सकते हैं कि

o(H K)=m \times o(H) \\ \Rightarrow O(H K)=m \times o(H) =\frac{o(K)}{o(H \cap K)} \cdot O(H) \\ =\frac{o(K) \cdot o(H)}{o(H \cap K)}
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2. उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक ) के उदाहरण (Cosets of Subgroup):

Example:1.सिद्ध कीजिए कि एक परिमित समूह की कोटि इसके उपसमूह की कोटि इसके उपसमूह की कोटि का गुणक है।
(Prove that order of a finite group is multiple of the order of its subgroup.)
Solution:मानलो कि G एक परिमित ग्रुप है जिसका ग्रुपांक n है और H,G का एक उपग्रुप है तथा H का ग्रुपांक m है अर्थात्
o(G)=n,o(H)=m
तथा किसी a \in G के लिए एक प्रतिचित्रण f: H \rightarrow a H से इस प्रकार परिभाषित है कि f(h)=ah
यह प्रतिचित्रण आच्छादक (onto) है क्योंकि aH का प्रत्येक अवयव का स्वरूप ah,h \in H का है, साथ ही किन्ही दो अवयवों
h_{1}, h_{2} \in H  \\ f\left(h_{1}\right)=f\left(h_{2}\right) \Rightarrow a h_{1}=a h_{2} \Rightarrow h_{1}=h_{2}(वाम निरसन नियम से)
अतः f एकैकी तथा आच्छादक (one-one onto) प्रतिचित्रण H का aH पर है।अर्थात्
o(H)=o(aH)
इसी प्रकार o(H)=o(Ha)
इसलिए o(H)=o(aH)=o(Ha)
हम जानते हैं कि G=U_{a \in G} aH
परन्तु H के सभी वाम सहसमुच्चय असंयुक्त नहीं होते अतः माना कि

a_{1} H, a_{2} H, a_{3} H, \ldots \cdots, a_{k} H
H के K असंयुक्त वाम सहसमुच्चय हैं।

\therefore G=a_{1} H \cup a _{2} H \cup a_{3} H \cup \ldots \cup a_{k} H
क्योंकि दाहिना पक्ष (R.H.S) में सभी सहसमुच्चय असंयुक्त हैं अतः

o(G)=o\left(a_{1}H\right)+o\left(a_{2} H\right)+ \cdots +o\left(a_{k}H\right)
परन्तु o(a H)=o(H) \forall a \in G \\ \therefore o(G)=o(H)+o(H)+o(H), \cdots k \text { बार } \\ \Rightarrow o(G)=k o(H)
अतः परिमित समूह की कोटि इसके उपसमूह की कोटि का गुणक है।
Example:2.समूह (I,+) में 5I के सभी सहकुलक (सहसमुच्चय) ज्ञात कीजिए जहाँ I पूर्णांकों का समुच्चय है।
(Find all the cosets of 5I in the additive group (I,+) of integers.)
Solution:I={…….-5,-4,-3,-2,-1,0,1,2,3,4,5,….}
5I={……..-25,-20,-15,-10,-5,0,5,10,15,20,25,………}
क्योंकि ग्रुप G क्रमविनिमेय है अतः दक्षिण समुच्चय (सहकुलक) तथा वाम सहसमुच्चय (सहकुलक) दोनों समान होंगे।अब हमें I में 5I के विभिन्न सहसमुच्चय निम्न प्रकार प्राप्त होते हैं:
0 \in I तथा 5I=5I+0={…-20,-15,-10,-5,0,5,10,15,20,…}=5I
1 \in I तथा 5I=5I+1={…-19,-14,-9,-4,1,6,11,16,21,…}=5I+1
2 \in I तथा 5I=5I+2={…-18,-13,-8,-3,2,7,12,17,22,…}=5I+2
3 \in I तथा 5I=5I+3={…-17,-12,-7,-2,3,8,13,18,23,…}=5I+3
4 \in I तथा 5I=5I+4={…,-16,-11,-6,-1,4,9,14,19,24,…}=5I+4
5 \in I तथा 5I=5I+5={…-15,-10,-5,0,5,10,15,…}=5I
…………………………………………………….
……………………………………………………..
-1 \in I तथा 5I=5I+(-1)={…-21,-16,-11,-6,-1,4,9,14,19…}=5I+4
-2 \in I तथा 5I=5I+(-2)={…,-22,-17,-12,-7,-2,3,8,13,18,…}=5I+3
-3 \in I तथा 5I=5I+(-3)={…,-23,-18,-13,-8,-3,2,7,12,17,…}=5I+2
यदि हम उपर्युक्त सभी सहसमुच्चयों का अवलोकन करें तो स्पष्ट है कि
5I+0=5I+5=5I+10=5I+15=……5I+(-5)=5I+(-10)=….
5I+1=5I+6=5I+11=….=5I+(-4)=5I+(-9)=…
5I+2=5I+7=5I+12=….=5I+(-3)=5I+(-8)=….
5I+3=5I+8=5I+13=…..=5I+(-2)=5I+(-7)=…
5I+4=5I+9=5I+14=…..=5I+(-1)=5I+(-6)=…
उपर्युक्त से स्पष्ट है कि I में से 5I के केवल निम्न सहसमुच्चय हैं
5I,5I+1,5I+2,5I+3,5I+4
साथ ही I=5I \cup 5I+1 \cup 5I+2 \cup 5I+3 \cup 5I+4

Example:3.मान लें ग्रुप G का एक उपग्रुप है तथा x \in G तब सिद्ध कीजिए कि यदि y \in H x  तो Hx=Hy.
(Let H be a subgroup of a group G and x be an element of G,then Show that if y \in H x  then Hx=Hy)
Solution: y \in H x
तथा H,G का उपग्रुप है अतः
x^{-1} H=y^{-1} H \Rightarrow \exists h_{i} ; h_{j} \in H इस प्रकार कि

x^{-1} h_{i}=y^{-1} h_{j} \\ \Rightarrow\left(x x^{-1}\right) h_{i}=\left(x y^{-1}\right) h_{j} \\ \Rightarrow h_{i}=xy^{-1} h_{j} \\ \Rightarrow h_{i} h_{j}^{-1}=x y^{-1} \\ \Rightarrow H\left(h_{i} h_{j}^{-1}\right)=H\left(x y^{-1}\right) \\ \Rightarrow H=H x y^{-1} [चूँकि h_{i} h_{j}^{-1} \in H ]

\Rightarrow H=H x y^{-1} \\ \Rightarrow x y^{-1} \in H \\ \Rightarrow H x=H y
Example:4.यदि Hx और Hy ग्रुप G में H के दो दक्षिण सहसमुच्चय है तो सिद्ध कीजिए कि Hx से Hy में एकैकी आच्छादक प्रतिचित्रण विद्यमान है।यह भी सिद्ध कीजिए कि H x \cap H y \neq \phi \Rightarrow H x=H y
(If Hx and Hy be two right cosets of H in a group G then show that there exists one-one mapping of Hx onto Hy.Show also that H x \cap H y \neq \phi \Rightarrow H x=H y
Solution:Hx,Hy उपग्रुप H के दो दक्षिण सहसमुच्चय है तथा H,G का उपग्रुप है।माना f: H x \rightarrow H y परिभाषित है

f(h x)=h y \quad \forall h \in H
फलन एकैकी है यदि
h_{1}, h_{2} \in H  तब h_{1} x, h_{2} x \in H x
f की परिभाषा से:
f(h_{1} x)=h_{1} y तथा f\left(h_{2} x\right)=h_{2} y \\ f(h_{1} x)=f\left(h_{2} x\right) \\ \Rightarrow h_{1} y=h_{2} y \\ \Rightarrow h_{1}=h_{2} [दक्षिण निरसन से]

\Rightarrow h_{1} x=h_{2} x
अतः f एकैकी है।
फलन f आच्छादक होने के लिए:
माना h’y कोई स्वेच्छ है Hy का
तब h^{\prime} y \in H y \Rightarrow h^{\prime} \in H \Rightarrow h^{\prime} x=H x
अब f(h’y)=h’y (f की परिभाषा से)
इस प्रकार h^{\prime} y \in H y \Rightarrow \exists h^{\prime} x \in H x
f(h’x)=h’y अतः f आच्छादक है।
अतः Hx से Hy में एकैकी आच्छादक प्रतिचित्रण विद्यमान है।
H x \cap H y \neq \phi \\ \Rightarrow a, b \in H x \cap H y \\ \Rightarrow a \in H x \cap H y \\ \Rightarrow a \in H x तथा a \in H y
इसी प्रकार b \in H x \cap H y \\ \Rightarrow b \in H x तथा b \in H y \\ a \in H x, b \in H x \Rightarrow a b^{-1} \in Hx \cdots(1) \\ a \in H y, b \in H y \Rightarrow a b^{-1} \in H y \cdots(2)
(1) और (2) से:
Hx=Hy
Example:5.आबेली समूह \left\{G=\left\{1,-1, i,-i\right\}, *\right] में H={1,-1} के सभी वाम तथा दक्षिण सहसमुच्चय ज्ञात कीजिए।
(Find all left and right cosets of H={1,-1} in the abelian group \left\{G=\left\{1,-1, i,-i\right\}, *\right].)
Solution:G आबेली समूह है अतः दक्षिण तथा वाम सहसमुच्चय समान होंगे।
Solution:,H={1,-1}
1 \in G तथा H=H.1={1,-1}=H
-1 \in G तथा H=H.(-1)={-1,1}=H
i \in G तथा H=H.(i)={I,-i}=H(i)
-i \in G तथा H=H.(-i)={-i,i}=H(i)
G में H के सभी दक्षिण तथा वाम सहसमुच्चय
H,H(i)
उपर्युक्त उदाहरणों के सहकुलक कैसे ज्ञात करें? (How to Find Cosets?),उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक ) (Cosets of a Subgroup) को समझ सकते हैं।

3. उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक ) की समस्याएं (Cosets of a Subgroup):

(1.)मान लीजिए कि H एक ग्रुप G का उपग्रुप है तो सिद्ध कीजिए कि दो दक्षिण सहसमुच्चय Ha,Hb भिन्न हैं यदि और केवल यदि दो वाम सहसमुच्चय a^{-1} H ,b^{ -1 } H भिन्न हैं।
(Let H be a subgroup of a group G.Prove that the two right cosets Ha,Hb are distinct if and only if the two left cosets a^{-1} H ,b^{ -1 } H are distinct.)
(2.)मान लें कि H तथा K ग्रुप G के परिमित सूचकांक वाले उपग्रुप हैं तथा मान लें कि सिद्ध कीजिए कि
[G:H]=[K:H].[G:K]
(Let H and K be subgroups of finite index in a group G and suppose Prove that 
[G:H]=[K:H].[G:K]
(3.)यदि H किसी समूह G का एक उपसमूह हो तथा g \in G हो तो सिद्ध कीजिए कि
(i)g H g^{-1}=\{g h g^{-1} \mid h \in H\},G का एक उपसमूह है।
(ii)यदि H सीमित है तो o(H)=o(g H g^{-1})
Let H be a subgroup of a group G and g \in G then prove that
(i)g H g^{-1}=\{g h g^{-1} \mid h \in H\},is a subgroup of G.
(ii)If H is finite then o(H)=o(g H g^{-1})
उपर्युक्त सवालों को हल करके सहकुलक कैसे ज्ञात करें? (How to Find Cosets?),उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक ) (Cosets of a Subgroup) को ठीक से समझ सकते हैं।

Also Read This Article:-How Do You Find Cosets Of A Group?

4.सहकुलक कैसे ज्ञात करें? (How to Find Cosets?),उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक ) (Cosets of a Subgroup) के सम्बन्ध में अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न:

प्रश्न:1.एक समूह के कोसेट क्या हैं? (What are cosets of a group?):

उत्तर:एक गणितीय समूह का एक उपसमुच्चय जिसमें किसी दिए गए उपसमूह के प्रत्येक अवयव द्वारा समूह के एक निश्चित अवयव को दाईं या बाईं ओर गुणा करके प्राप्त किए गए सभी गुणन शामिल होते हैं।

प्रश्न:2.क्या कोसेट एक समूह है? (Is a coset a group?):

उत्तर:एक कोसेट एक सेट है जबकि एक समूह एक बाइनरी ऑपरेशन के साथ एक सेट है जो कुछ सिद्धांतों को संतुष्ट करता है।तो, एक कोसेट एक समूह नहीं है क्योंकि बाइनरी ऑपरेशन गायब है।

प्रश्न:3.आप कोसेट कैसे लिखते हैं? (How do you write cosets?):

उत्तर:Hg = 1hg | h ∈ Hl|  कुछ g ∈ G के लिए h ∈ Hl। दाएं कोसेट के समुच्चय को H<G के रूप में दर्शाया जाता है।इस प्रकार, बाएं कोसेट gH में H में g गुना सब कुछ होता है;Hg में H गुना g में सब कुछ शामिल है।मैंने सब कुछ ऐसे लिखा है जैसे समूह में ऑपरेशन “गुणा” था।

प्रश्न:4.विशिष्ट कोसेट क्या हैं? (What are distinct cosets?):

उत्तर:इस प्रकार |G| = k|H|, जिसका अर्थ है कि H का क्रम G के क्रम को विभाजित करता है।इसके अलावा, G में H के अलग-अलग बाएं कोसेट की संख्या k = \frac{|G|}{|H|} है।सामान्य तौर पर, G में H के कोसेट की संख्या को [G: H] द्वारा दर्शाया जाता है, और G में H का सूचकांक कहा जाता है।यदि a ∈ G तो |a| G के क्रम को विभाजित करता है।

प्रश्न:5.क्या प्रत्येक दायां कोसेट एक बाएं कोसेट है? (Is every right coset a left coset?):

उत्तर:चूँकि G में N का प्रत्येक दायाँ कोसेट एक बायाँ कोसेट है, वहाँ एक h∈G मौजूद है जैसे कि Nog=hoN।

प्रश्न:6.कोसेट का क्रम क्या है? (What is the order of a coset?):

उत्तर:सभी बाएं कोसेट और सभी दाएं कोसेट में समान क्रम (अवयवों की संख्या या कार्डिनैलिटी) है जो H के क्रम के बराबर है,क्योंकि H स्वयं एक कोसेट है।
उपर्युक्त प्रश्नों के उत्तर द्वारा सहकुलक कैसे ज्ञात करें? (How to Find Cosets?),उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक ) (Cosets of a Subgroup) के बारे में ओर अधिक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

 

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Cosets of Subgroup

उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक
(Cosets of Subgroup)

Cosets of Subgroup

उपग्रुप (उपसूह) के सहकुलक ) (Cosets of Subgroup)
उपसमूह का सूचकांक (Index of a Subgroup) परिभाषा:यदि H किसी ग्रुप G का एक उपग्रुप है तो H
में G के विभिन्न असंयुक्त वाम (दक्षिण) सहसमुच्चयों की संख्या H का G में सूचकांक (index) कहलाता है

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